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हिमाचल में चार दिन भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट, खड्ड में बहने से बुजुर्ग की मौत

नूरपुर की जब्बर खड्ड में तेज बहाव में बहने से 70 वर्षीय बुजुर्ग की मौत
19 से 22 जुलाई तक हिमाचल के कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट
➤ प्रशासन ने नदियों-खड्डों से दूर रहने और सतलुज घाटी के लोगों को विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी


हिमाचल प्रदेश में मानसून एक बार फिर सक्रिय होने जा रहा है। इसी बीच कांगड़ा जिले के नूरपुर से सटी जब्बर खड्ड में शुक्रवार सुबह दर्दनाक हादसा हो गया। न्याजपुर वार्ड-9 निवासी 70 वर्षीय रशपाल सिंह तेज बहाव की चपेट में आने से बह गए और उनकी मौत हो गई। गुरुवार रात हुई बारिश के बाद खड्ड का जलस्तर अचानक बढ़ गया था।

वहीं कुल्लू जिले की पार्वती घाटी में जरी-मलाणा सड़क पर भूस्खलन होने से भारी मात्रा में मलबा और पत्थर सड़क पर आ गए। इसके चलते वाहनों की आवाजाही प्रभावित रही।

मौसम विभाग ने 19 से 22 जुलाई तक प्रदेश के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। चंबा, कांगड़ा, मंडी, कुल्लू, शिमला, सिरमौर, हमीरपुर सहित मध्य और निचले पर्वतीय क्षेत्रों में तेज बारिश की संभावना जताई गई है। वहीं किन्नौर और लाहौल-स्पीति में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।

गुरुवार रात प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई। नगरोटा सूरियां में सबसे अधिक 28.8 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई। इसके अलावा गगल में 10.2 मिमी, मुरारी देवी में 4.0 मिमी, गुलेर में 2.8 मिमी, पालमपुर में 2.4 मिमी और धर्मशाला में 2.1 मिमी बारिश दर्ज हुई।

प्रशासन ने सतलुज घाटी और किन्नौर के लोगों के लिए विशेष एडवाइजरी जारी करते हुए नदी और खड्डों के किनारे न जाने, मछली पकड़ने, फोटो खींचने या अन्य गतिविधियों से बचने की अपील की है। साथ ही कड़छम डैम से अतिरिक्त पानी छोड़े जाने की संभावना को देखते हुए सतर्क रहने को कहा गया है।